Friday, October 30, 2020
More
    Home National कश्मीर में एलओसी से घुसपैठ काफी हद तक कम हुई : ले.जनरल...

    कश्मीर में एलओसी से घुसपैठ काफी हद तक कम हुई : ले.जनरल राजू

    श्रीनगर, 17 अक्टूबर (आईएएनएस)। जम्मू एवं कश्मीर में पाकिस्तान के साथ लगती नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर घुसपैठ काफी हद तक कम हो गई है। कश्मीर में भारतीय सेना के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल बी.एस. राजू ने यह जानकारी दी।

    सैन्य अधिकारी का कहना है कि पाकिस्तान की ओर से इस क्षेत्र में वर्चस्व स्थापित करने के उद्देश्य से घुसपैठ से लेकर ड्रोन के इस्तेमाल सहित कई प्रयास किए जाते हैं, मगर भारतीय जवानों की मुस्तैदी से अब ऐसे प्रयासों में कमी आई है।

    नियंत्रण रेखा कश्मीर के क्षेत्र में भारत और पाकिस्तान के बीच एक वास्तविक सीमा है।

    पिछले साल एलओसी के माध्यम से 130 घुसपैठ हुई थी, जबकि इस साल अब तक ऐसी 27 घटनाएं ही सामने आई हैं।

    15 कोर के जनरल ऑफिसर कमांडिंग लेफ्टिनेंट जनरल बी. एस. राजू ने कहा कि नियंत्रण रेखा पर चीजें शांत हैं। अधिकारी ने कहा, हम घुसपैठ को रोकने में काफी हद तक सक्षम हैं। यह क्षेत्र पर हावी होने के लिए जमीनी सैनिकों द्वारा किए गए प्रयासों का एक संयोजन है। अधिकारी ने कहा कि घुसपैठ ग्रिड के साथ अतिरिक्त ताकत रखी गई है, ताकि ऐसे प्रयासों को विफल किया जा सके।

    उन्होंने कहा, हमने उन्हें (भारतीय सैनिक) अतिरिक्त निगरानी, अधिक तकनीक दी है। हम लोगों की आवाजाही पर नजर रखने के लिए ड्रोन का उपयोग कर रहे हैं।

    सैन्य अधिकारी ने कहा कि निगरानी के लिए दोनों तरह के बड़े और छोटे ड्रोन का इस्तेमाल किया जा रहा है।

    लेफ्टिनेंट जनरल बी.एस. राजू ने कहा कि घुसपैठ रोकने की पाकिस्तान की ओर से कोई इच्छा नहीं है। उन्होंने कहा, घुसपैठ की कोशिशें जारी हैं।

    राजू ने कहा कि अब सुरक्षा बलों को इनपुट मिल रहे हैं कि पाकिस्तान स्थित आतंकवादी आईएसआई को सूचित कर रहे हैं कि वे नियंत्रण रेखा को पार करने में असमर्थ हैं।

    ऐसी खबरें आ रही हैं कि आतंकवादी कह रहे हैं कि वे नियंत्रण रेखा को पार करने का प्रयास तो कर रहे हैं, लेकिन उन्हें इसमें सफलता हासिल नहीं हो पा रही है।

    घुसपैठ करने में नाकाम रहने पर वे आतंकी लॉन्च पैड में वापस जाना चाहते हैं, लेकिन पाकिस्तान उन्हें कह रहा है कि कोई वापस नहीं आएगा। पाकिस्तान उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित कर रहा है।

    अधिकारी ने कहा कि संघर्ष विराम उल्लंघन का जहां तक सवाल है, उसमें जरूर कुछ वृद्धि देखने को मिली है, लेकिन पैमाने में कमी आई है। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान की इस कायराना हरकत से हमें कुछ नुकसान जरूर हुआ है, मगर नियंत्रण रेखा के हालात नियंत्रण में हैं।

    भारत ने नियंत्रण रेखा के साथ एक बहु-स्तरीय घुसपैठ ग्रिड रखा है। उन्होंने कहा, हमने पहले ग्रिड को बहुत मजबूत बना दिया है। यदि पहला ग्रिड मजबूत है तो यह घुसपैठ को रोकने में मदद करेगा और यह घुसपैठ का पता लगाने का मौका भी देता है।

    अधिकारी ने बताया कि एक बार जब यह पता चल जाता है कि घुसपैठ हुई है, तो दूसरा ग्रिड सक्रिय हो जाता है और रास्ते अवरुद्ध कर दिए जाते हैं और फिर घुसपैठियों की धरपकड़ शुरू कर दी जाती है।

    लेफ्टिनेंट जनरल राजू ने कहा, हमने पहले ग्रिड में अधिक तैनाती की है और 407.31 किलोमीटर की बाड़ के साथ कम लागत वाले निगरानी उपकरण भी लगाए हैं।

    उन्होंने बताया कि इससे घुसपैठ की कोशिशों को नाकाम करने में और अधिक मदद मिलती है और इसका पता चल जाता है।

    एकेके/एसजीके



    Source link

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here

    Most Popular

    J&K: कुलगाम में तीन बीजेपी नेताओं की हत्या, घर में पसरा मातम, रविंद्र रैना बोले- शहादत बेकार नहीं जाएगी, एक-एक को चुन-चुनकर मारा जाएगा

    डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर में भारतीय जनता पार्टी के नेता आतंकियों के निशाने पर है। गुरुवार को कुलगाम में तीन...

    कांग्रेस ने नए अध्यक्ष के चुनाव के लिए शुरू की प्रक्रिया

    नई दिल्ली, 30 अक्टूबर (आईएएनएस)। मधुसूदन मिस्त्री की अगुवाई वाली कांग्रेस के केंद्रीय चुनाव प्राधिकरण ने पार्टी अध्यक्ष के चुनाव के...

    यूरोपीय संघ के नेताओं ने फ्रांस में आतंकवादी हमलों की निंदा की

    ब्रसेल्स, 30 अक्टूबर (आईएएनएस)। यूरोपीय संघ (ईयू) के नेताओं ने फ्रांस में आतंकवादी हमलों की निंदा करते हुए एक संयुक्त बयान...

    बसपा से टिकट नहीं मिलने पर व्यापारी ने की खुदकुशी

    गाजीपुर, 30 अक्टूबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में एक व्यापारी ने कथित रूप से खुदकुशी कर ली है और अपने...

    Recent Comments